साइबर क्राइम पुलिस ने ऑनलाइन ठगी करने वाले गिरोह के सक्रिय सदस्य को गिरफ्तार किया है। वह झारखंड के कुख्यात जामताड़ा गिरोह से जुड़ा था। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से दो मोबाइल, सिम कार्ड और चार फर्जी आधार कार्ड बरामद किए हैं। गिरफ्तार आरोपी की पहचान ग्राम जौहरपुर सीबीगंज निवासी विक्की साहू के रूप में हुई है।
पुलिस की प्राथमिक जांच में सामने आया कि पश्चिम बंगाल, बिहार और गुड़गांव में दर्ज साइबर ठगी के कई मामलों की कड़ियां बरेली से लिंक मिली थीं। तकनीकी जांच में जब संदिग्ध मोबाइल नंबर और बैंक खाते ट्रेस किए गए तो विक्की साहू का नाम सामने आया। इसके बाद पुलिस टीम ने दबिश देकर उसे गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह जामताड़ा स्थित साइबर गिरोह से जुड़ा है, जो लोगों को पैसों का लालच देकर उनके नाम से बैंक खाते खुलवाता है। बाद में उन खातों के जरिये लाखों रुपये की ऑनलाइन ठगी की जाती है। आरोपी मोबाइल नंबर से लिंक बैंक खाते का क्यूआर कोड तैयार कर गिरोह के दूसरे सदस्यों को भेज देता था, जिससे पूरा नियंत्रण उनके पास रहता था। बदले में विक्की को 15 फीसदी कमीशन मिलता था।
अगर किसी खाते को पुलिस ब्लॉक कर देती तो आरोपी फौरन उस खाते से जुड़ा एटीएम कार्ड और सिम कार्ड नष्ट कर देता था ताकि कोई सबूत न बचे। पुलिस का कहना है कि गिरोह के सदस्य अलग-अलग भूमिका में काम करते हैं। कोई खाता खुलवाता है, कोई रकम ट्रांसफर करता है, और कोई पैसे निकालने का काम संभालता है। साइबर क्राइम थाने की टीम ने इस मामले में मुकदमा दर्ज किया है।