जागरण टुडे, गुड्डू यादव, कासगंज।
स्वास्थ्य विभाग के अंतर्गत कार्यरत राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) कर्मचारियों का वेतन पिछले तीन माह से लंबित होने के कारण कर्मचारियों में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है। वेतन न मिलने से आर्थिक संकट झेल रहे कर्मचारियों ने विरोध स्वरूप काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन किया और विभागीय अधिकारियों के खिलाफ जमकर रोष जताया।
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों का कहना है कि लगातार तीन महीने से वेतन न मिलने के कारण उनके सामने परिवार का भरण-पोषण करना मुश्किल हो गया है। बच्चों की पढ़ाई, घर का किराया, बिजली-पानी के बिल और रोजमर्रा के खर्च पूरे करना बड़ी चुनौती बन चुका है। कई कर्मचारियों को मजबूरी में उधार लेकर घर चलाना पड़ रहा है। कर्मचारियों ने बताया कि आर्थिक तंगी के चलते मानसिक तनाव भी लगातार बढ़ रहा है।
एनएचएम कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि वे कई बार संबंधित अधिकारियों को अपनी समस्या से अवगत करा चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। कर्मचारियों का कहना है कि विभागीय लापरवाही के कारण उन्हें मानसिक और आर्थिक उत्पीड़न का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि समय पर वेतन भुगतान कर्मचारियों का अधिकार है, लेकिन उनकी समस्याओं को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा।
विरोध प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही उनका बकाया वेतन जारी नहीं किया गया तो 21 अप्रैल से सभी कर्मचारी सामूहिक रूप से कार्य बहिष्कार करेंगे। कर्मचारियों ने स्पष्ट किया कि जब तक तीन माह का लंबित वेतन नहीं मिलेगा, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
कर्मचारियों के संभावित कार्य बहिष्कार से जिले की स्वास्थ्य सेवाओं पर भी असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। एनएचएम कर्मचारी स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न योजनाओं और सेवाओं में अहम भूमिका निभाते हैं। ऐसे में यदि कर्मचारियों ने काम बंद किया तो आम जनता को स्वास्थ्य सुविधाओं में दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। कर्मचारियों ने कहा कि यदि स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित होती हैं तो इसकी पूरी जिम्मेदारी विभागीय अधिकारियों की होगी।