पीलीभीत को 569 करोड़ की सौगात, योगी ने गिनाईं उपलब्धियां; कांग्रेस-सपा पर साधा तीखा निशाना
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को पीलीभीत जनपद के बरखेड़ा विधानसभा क्षेत्र स्थित पतरासा कुंवरपुर गांव में आयोजित जनसभा के दौरान 569.11 करोड़ रुपये की लागत वाली 66 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने करीब ढाई हजार विस्थापित परिवारों को भूमि अधिकार पत्र वितरित किए और कहा कि सरकार उन लोगों तक विकास का लाभ पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है, जो वर्षों तक सरकारी योजनाओं से वंचित रहे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सार्वजनिक संपत्तियों, गोशालाओं और सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। सरकार ऐसे मामलों में लगातार कार्रवाई कर रही है और भविष्य में भी यह अभियान जारी रहेगा।
सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बिना किसी भेदभाव के गरीबों, किसानों, महिलाओं, युवाओं और वंचित वर्ग के उत्थान के लिए कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि वर्षों से अधिकारों से वंचित परिवारों को अब नागरिक सुविधाओं और भूमि का स्वामित्व मिल रहा है, जिससे उनके जीवन में स्थायित्व और सम्मान आएगा। उन्होंने बताया कि प्रदेश के विभिन्न जिलों में भी ऐसे परिवारों को चरणबद्ध तरीके से लाभान्वित किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में विपक्षी दलों कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकारों ने विकास की बजाय तुष्टिकरण की राजनीति को प्राथमिकता दी। उन्होंने कहा कि पहले प्रदेश में दंगे, कर्फ्यू और अपराध आम बात थे, जबकि आज कानून का राज स्थापित हुआ है। उन्होंने दावा किया कि वर्तमान सरकार ने अपराधियों और माफिया के खिलाफ कठोर कार्रवाई कर प्रदेश में सुरक्षा का वातावरण बनाया है।
मुख्यमंत्री ने बिना किसी नेता का नाम लिए समाजवादी पार्टी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि प्रदेश की जनता ने अब ऐसी राजनीति को पूरी तरह नकार दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता समाज के अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है, न कि जाति और धर्म के आधार पर राजनीति करना।
मुख्यमंत्री ने नागरिकता संशोधन कानून (CAA) का उल्लेख करते हुए कहा कि पड़ोसी देशों में प्रताड़ना झेलकर भारत आए परिवारों को अब सम्मानपूर्वक जीवन जीने का अवसर मिला है। उन्होंने कहा कि पीलीभीत में लगभग ढाई हजार विस्थापित परिवारों को भूमि अधिकार दिए गए हैं, जिससे हजारों लोगों का भविष्य सुरक्षित होगा।
उन्होंने कहा कि प्रदेश के विकास की आधारशिला मजबूत आधारभूत ढांचा है। सरकार एक्सप्रेसवे, राष्ट्रीय राजमार्ग, रेलवे और हवाई संपर्क को तेजी से विस्तार दे रही है। गंगा एक्सप्रेसवे और प्रस्तावित आर्थिक कॉरिडोर का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं से पीलीभीत सहित पूरे क्षेत्र में निवेश, उद्योग और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
मुख्यमंत्री ने पीलीभीत टाइगर रिजर्व का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार पर्यटन और पर्यावरण संरक्षण को साथ लेकर आगे बढ़ रही है। इससे स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा और जिले की पहचान राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और मजबूत होगी।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में सार्वजनिक संपत्तियों, गोशालाओं और सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। सरकार ऐसे मामलों में लगातार कार्रवाई कर रही है और भविष्य में भी यह अभियान जारी रहेगा।
कार्यक्रम में केंद्रीय राज्यमंत्री, जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी तथा बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि डबल इंजन सरकार का लक्ष्य विकास को गांव-गांव तक पहुंचाना और प्रत्येक पात्र व्यक्ति को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाना है।