जागरण टुडे, एटा।
श्रावण मास की कांवड़ यात्रा को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी अरविन्द सिंह की अध्यक्षता में अंतरविभागीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक इलामारन सहित पुलिस, स्वास्थ्य, विद्युत, लोक निर्माण, परिवहन, नगर निकाय और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया। जिलाधिकारी ने कहा कि कांवड़ यात्रा शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। ऐसे में सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करें और किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाए।
बैठक में विभिन्न विभागों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गईं। रोडवेज विभाग को निर्देश दिए गए कि शुक्रवार शाम से सोमवार शाम तक जीटी रोड पर शहीद स्मारक से आगे बसों का संचालन बंद रखा जाए। साथ ही रूट डायवर्जन का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराया जाए। भारी वाहनों के शहर में प्रवेश पर भी रोक लगाने के निर्देश दिए गए ताकि कांवड़ियों की आवाजाही में किसी प्रकार की बाधा न आए।
विद्युत विभाग को यात्रा मार्ग पर लगे बिजली के खंभों की सुरक्षा सुनिश्चित करने, खुले तारों को दुरुस्त करने तथा आवश्यक स्थानों पर इंसुलेशन की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए। स्वास्थ्य विभाग को सभी चिकित्सा शिविरों में डॉक्टर, पैरामेडिकल स्टाफ, आवश्यक दवाइयों और एंबुलेंस की उपलब्धता बनाए रखने को कहा गया। लोक निर्माण विभाग को यात्रा मार्ग के गड्ढे भरने, झाड़ियों की कटाई कराने तथा अवैध कटों को बैरिकेडिंग कर बंद कराने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रमुख पेट्रोल पंपों और बड़े ढाबों पर भारी वाहनों के लिए अस्थायी होल्डिंग प्वाइंट बनाए जाएंगे। नगर निकायों, उपजिलाधिकारियों और खंड विकास अधिकारियों को नियमित क्षेत्र भ्रमण कर व्यवस्थाओं की निगरानी करने तथा किसी भी समस्या का तत्काल समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक इलामारन ने पुलिस अधिकारियों को लगातार गश्त करने, निर्धारित रूट चार्ट का पालन कराने और सुरक्षा व्यवस्था को पूरी तरह चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी प्रकार की लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।